Updated: Fri, 27 Feb 2026 08:41 AM (IST)
हल्द्वानी के पनियाली गांव में एक महिला को मारने वाली बाघिन उसके घर के पास दो बार देखी गई, जिससे ग्रामीणों में दहशत फैल गई है। वन विभाग ने बाघिन को पकड …और पढ़ें

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जागरण संवाददाता, हल्द्वानी। पनियाली गांव में बाघ को लेकर दहशत बनी हुई। बुधवार को जंगल में घास काटने के लिए गई कमला फर्त्याल को मौत के घाट उतारने वाला बाघ गुरुवार सुबह उनके घर के पास दो बार दिखाई दिया। इधर, वन विभाग ने बाघ को पकड़ने के लिए जंगल में एक पिंजरा और 10 ट्रैप कैमरे लगाए हैं।
ग्राम प्रधान कपिल देवका ने बताया कि गुरुवार सुबह कमला फर्त्याल के घर से करीब 50 मीटर दूर दो बार बाघ दिखा। पहले सुबह 4.30 बजे और फिर करीब सात बजे बाघ दिखा। ग्रामीणों को डर है कि बाघ के मुंह में इंसानी खून लगने के चलते वह आबादी की ओर आ रहा है। क्योंकि, बाघ ने महिला को मारने के बाद उनके शरीर का कुछ हिस्सा खाया भी था। इसके बाद ग्रामीणों ने वन विभाग को जानकारी दी।
बता दें कि बुधवार सुबह जंगल में अकेले घास काटने के लिए गई कमला को बाघ ने मार दिया था। काफी तलाश के बाद शाम को उनका क्षत-विक्षत शव मिला। आक्रोशित ग्रामीणों ने कठघरिया चौराहे स्थित वन चौकी पर प्रदर्शन किया था। बाद में डीएफओ डीएस मर्तोलिया के समझाने पर ग्रामीण माने थे। गुरुवार को हल्द्वानी मोर्चरी में महिला का पोस्टमार्टम किया गया। इसके बाद उनके शव को अंतिम संस्कार के लिए ले जाया गया।
60 वनकर्मी जंगल में ढूंढ रहे बाघ, निगरानी के लिए बनाए मचान
फतेहपुर रेंज के रेंजर प्रदीप असगोला ने बताया कि बाघ को पकड़ने के लिए 60 वनकर्मियों की टीम लगी है। जंगल में पिंजरा और ट्रैप कैमरे लगा दिए गए हैं। बाघ को ट्रैंकुलाइज करने के प्रयास किए जा रहे हैं। कार्बेट टाइगर रिजर्व के वरिष्ठ पशु चिकित्साधिकारी डा. दुष्यंत शर्मा की भी टीम बाघ को पकड़ने के लिए जुटी हुई है। जंगल में एक मचान बना दिया गया है। इसमें बैठकर डा. शर्मा बाघ पर नजर रखेंगे। वहीं शुक्रवार को भी वनक्षेत्र में एक मचान बनाया जाएगा।
डीएम के निर्देश पर कंट्रोल रूम स्थापित
डीएफओ डीएस मर्तोलिया ने बताया कि डीएम ललित मोहन रयाल के निर्देश के बाद फतेहपुर में वनकर्मियों, पटवारी, एसएचओ मुखानी के साथ समन्वय स्थापित करके कंट्रोल रूम स्थापित कर दिया है। इसके साथ ही जहां जरूरत होगी, वहां ग्रामीणों और स्कूली बच्चों को वनकर्मी एस्कार्ट भी करेंगे।
क्षेत्र में वन विभाग के विरुद्ध भारी नाराजगी
पनियाली, बजूनिया हल्दू समेत आसपास के क्षेत्र में वन विभाग के विरुद्ध भारी नाराजगी है। ग्रामीणों का कहना है कि वन विभाग सिर्फ मुआवजा देकर अपनी जिम्मेदारी से मुक्त हो जाता है। जबकि क्षेत्र में लगातार वन्यजीवों की दहशत बनी हुई है। उन्होंने कहा वन विभाग चारे की व्यवस्था करे। लोगों के घरों के आसपास प्रकाश व्यवस्था समेत सुरक्षा के सभी इंतजाम करे।
वन विभाग जंगल के पास रहने वाले परिवारों को 100 मीटर के दायरे में झाड़ी काटने की अनुमति दे, ताकि लोग वन्यजीवों से खुद अपनी सुरक्षा कर सकें। – कपिल देवका, ग्राम प्रधान, पनियाली
हम जंगल के इतने पास रहते हैं। यहां अक्सर अंधेरे में वन्यजीव दिखाई देते हैं। वन विभाग को कम से कम सोलर लाइटें लगवानी चाहिए। – भुवन चंद्र कर्नाटक, ग्रामीण, पनियाली
15 दिन पहले हमारी ग्राम सभा से गुलदार बकरी को उठा ले गया था। हमें डर है कि फिर कोई घटना न हो जाए। सोलर फेंसिंग भी टूटी हुई है। – दिनेश जोशी, ग्राम प्रधान, बजूनिया हल्दू
तत्काल प्रभाव से बाघ को आदमखोर घोषित किया जाए और ग्रामीणों के पशुओं के लिए चारे की व्यवस्था की जाए। डीएफओ इस पर संज्ञान लें। – नीरज तिवारी, प्रवक्ता, कांग्रेस
फतेहपुर रेंज में आंगन से कुत्ता उठा ले गया गुलदार
इधर, फतेहपुर रेंज के अंतर्गत गुजरौड़ा ग्राम सभा के नवाड़ सैलानी गांव में गुरुवार को गुलदार भवान सिंह नेगी के घर के आंगन से कुत्ता उठाकर ले गया। यह घटना वन विश्राम गृह से महज 30 मीटर की दूरी पर हुई। इसके बाद ग्रामीण रेंजर से मिले और क्षेत्र में पिंजरा लगाने की मांग की। सामाजिक कार्यकर्ता कमल भट्ट ने बताया कि रेंजर से सोलर लाइटें लगवाने, सोलर फेंसिंग करवाने और आबादी से सटे क्षेत्रों से झाड़ियां हटाने की मांग की गई।
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