हरिद्वार के टेंपो ट्रैवलर में चकराता का नंबर लगा हल्द्वानी में लीसा तस्करी
हल्द्वानी में एक टेंपो ट्रैवलर चालक ने जेल जाने से बचने के लिए वाहन का चेसिस और इंजन नंबर मिटा दिया। आरोपी ने हरिद्वार आरटीओ में पंजीकृत असली नंबर प्लेट को हटाकर फर्जी नंबर प्लेट लगाई। वन विभाग ने अवैध लीसा के साथ टेंपो ट्रैवलर को पकड़ा था। पुलिस ने कई धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है।

संतोष जोशी हल्द्वानी। हल्द्वानी में चार महीने पहले लीसे की खेप के साथ पकड़े गए टेंपो ट्रैवलर के चालक का बड़ा फर्जीवाड़ा वन विभाग की जांच में सामने आया है। आरोपी ने जेल जाने से बचने के लिए वाहन का चेसिस व इंजन नंबर ही मिटा दिया। इतना ही नहीं हरिद्वार आरटीओ में पंजीकृत इस वाहन के असली नंबर प्लेट को हटाकर फर्जी तरीके से चकराता एआरटीओ में पंजीकृत नंबर प्लेट अपने वाहन में लगा दिया। मामले में पुलिस ने तहरीर के आधार पर आरोपी के खिलाफ कई धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है।24 दिसंबर 2025 को काठगोदाम के हैड़ाखान मार्ग पर वन विभाग ने एक टेंपो ट्रैवलर वाहन संख्या यूके07 टीबी 3664 को लावारिस हालत में पकड़ा था।
जिसमें अवैध रूप से 114 टिन लीसा (17 क्विंटल) लदा हुआ था। जांच एसडीओ गणेश दत्त जोशी ने की। जांच में खुलासा हुआ कि पकड़े गए टेंपो ट्रैवलर के इंजन और चेसिस नंबर मिटाए थे। वाहन पर जो नंबर प्लेट लगी मिली थी, वह पूरी तरह फर्जी थी। इस नंबर का असली वाहन चकराता (देहरादून) में मौजूद मिला। गाड़ी के अंदर मिले प्रदूषण नियंत्रण सर्टिफिकेट के आधार पर पता चला कि वाहन का असली नंबर यूके 08पीए 0061 है। जिसका स्वामी शिशपाल (हरिद्वार) निकला। जिससे पूछताछ पर पता लगा कि उसले यह वाहन 30 सितंबर 2024 को रवि भट्ट निवासी कुसुमखेड़ा, हल्द्वानी को डेढ़ लाख में बेचा था। रवि ने वाहन खरीदने के बाद उसे अपने नाम पर पंजीकृत नहीं कराया और न टैक्स जमा किया। गिरफ्तारी से बचने और तस्करी को अंजाम देने के लिए उसने वाहन की पहचान मिटाकर उस पर फर्जी नंबर प्लेट लगाई। एसओ काठगोदाम विमल मिश्रा ने बताया कि आरोपी रवि के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।आरोपी को दर्जनों नोटिस भेजे, नहीं हुआ पेशजांच अधिकारी गणेश जोशी के मुताबिक रवि भट्ट पूर्व में वन और पुलिस विभाग के कई अपराधों में संलिप्त रहा है। कहा कि इस घटना से संबंधित दर्जनों बार नोटिस भेजने के बावजूद वह जांच अधिकारी के समक्ष पेश नहीं हुआ। आरोपी पर जालसाजी, कुटरचित दस्तावेज तैयार करने और धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज किया है।


