यूजीसी के नियमों को लेकर दिल्ली विश्वविद्यालय में बवाल, थाना पहुंचा मामला- FIR दर्ज 

Date:

UGC के मुद्दे को लेकर बवाल थमने का नाम नहीं ले रहा है. इस विरोध का असर अब दिल्ली विश्वविद्यालय में भी देखने को मिल रहा है. उत्तर दिल्ली में उस समय तनाव का माहौल बन गया जब दिल्ली विश्वविद्यालय के छात्रों के ग्रुप का विरोध प्रदर्शन झड़प में बदल गया. छात्र यूजीसी (विश्वविद्यालय अनुदान आयोग) के समानता से जुड़े नियम लागू करने की मांग कर रहे थे. दिन में वामपंथी छात्र संगठन इस मांग को लेकर कैंपस में इकट्ठा हुए थे. बाद में मामला बढ़ गया और मौरिस नगर पुलिस स्टेशन के बाहर टकराव हो गया. प्रदर्शन करने वाले छात्रों का कहना था कि ये नियम कॉलेजों और विश्वविद्यालयों में सभी छात्रों के साथ बराबरी और निष्पक्ष व्यवहार सुनिश्चित करने के लिए जरूरी है. 

जैसे-जैसे विरोध प्रदर्शन आगे बढ़ा, स्थिति खराब होते गई. यूट्यूब चैनल “ब्रेकिंग ओपिनियन” से जुड़ी पत्रकार रुचि तिवारी, जो प्रदर्शन को कवर करने आई थीं, उनपर कथित तौर पर छात्रों के एक ग्रुप ने हमला किया. इस घटना ने वहां के माहौल को और ज्यादा गर्म कर दिया. 

मामला पहुंचा पुलिस स्टेशन 

सम्बंधित ख़बरें

मामले की गंभीरता को देखते हुए ये जल्द ही मौरिस नगर पुलिस स्टेशन पहुंच गया, जहां विभिन्न संगठनों के छात्र जमा हो गए. वामपंथी दलों ने आरोप लगाया कि अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) से जुड़े छात्रों ने पुलिस स्टेशन को घेर लिया और वहां मौजूद लोगों पर हमला करने की कोशिश की. हालांकि, एबीवीपी सदस्यों ने इस दावे को खारिज करते हुए कहा कि विरोध प्रदर्शन के दौरान उनके छात्रों को ही निशाना बनाया जा रहा था. 

आई विटनेस ने दोनों गुटों के बीच तीखी बहस होने की सूचना दी, जिसमें दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर उकसावे का आरोप लगाया.पुलिस स्टेशन के बाहर “देशद्रोहियों को गोली मारो” जैसे नारे लगाए गए, जिससे माहौल और भी तनावपूर्ण हो गया. 

तैनात किए गए पुलिस 

स्थिति को और बिगड़ने से रोकने के लिए बड़ी संख्या में पुलिसकर्मियों को तैनात किए गए. अधिकारियों ने बताया कि उन्होंने दोनों समूहों को अलग करने और व्यवस्था बहाल करने के लिए हस्तक्षेप किया. पत्रकार पर कथित हमले के संबंध में कोई गिरफ्तारी हुई है या कोई शिकायत दर्ज की गई है, इस बारे में अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है. हाल के महीनों में विश्वविद्यालय परिषद के समानता नियमों को लागू करने की मांग परिसर में बहस का विषय रही है. इस कदम का समर्थन करने वाले छात्र समूहों का तर्क है कि भेदभाव और संस्थागत पूर्वाग्रह से निपटने के लिए ये दिशानिर्देश आवश्यक हैं.

पत्रकारों की सुरक्षा भी बड़ा मुद्दा…

इस घटना ने कैंपस विरोध प्रदर्शनों को कवर करने वाले पत्रकारों की सुरक्षा के मुद्दे को भी उजागर किया है. एक पत्रकार पर हुए कथित हमले की कई पक्षों ने आलोचना की है और निष्पक्ष जांच की मांग की है. देर शाम तक, मौरिस नगर पुलिस स्टेशन के आसपास की स्थिति स्थिर हो गई थी, लेकिन तनाव अभी भी बना हुआ था. 

—- समाप्त —-

Live TV

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Share post:

Subscribe

spot_imgspot_img

Popular

More like this
Related