हल्द्वानी। हल्द्वानी के चंदन हॉस्पिटल ने देश की सीमाओं की रक्षा में तैनात सशस्त्र सीमा

हल्द्वानी। हल्द्वानी के चंदन हॉस्पिटल ने देश की सीमाओं की रक्षा में तैनात सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) के जवानों के लिए दो दिवसीय विशेष “ बीएलएस एवं इमरजेंसी ट्रेनिंग प्रोग्राम” का सफल आयोजन किया। इस प्रशिक्षण का उद्देश्य जवानों को आपातकालीन स्थितियों में त्वरित और प्रभावी चिकित्सा सहायता प्रदान करने की क्षमता विकसित करना है।कार्यक्रम में शामिल जवानों को बेसिक लाइफ सपोर्ट (सीपीआर), ट्रॉमा मैनेजमेंट, एयरवे मैनेजमेंट, एम्बुलेंस ऑपरेशन और इन्फेक्शन कंट्रोल जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया। मॉक ड्रिल, सीपीआर प्रैक्टिस और रियल-लाइफ सिनेरियो के माध्यम से जवानों को वास्तविक परिस्थितियों के लिए तैयार किया गया।ट्रेनिंग में डॉ. मुनीब रहमान ने इमरजेंसी एवं एम्बुलेंस सेवाओं पर, डॉ. रवि कुमार ने एयरवे मैनेजमेंट एवं क्रिटिकल केयर पर, डॉ. विकास ने ट्रॉमा एवं आपात प्रबंधन पर तथा मिस जया जॉन (आईसीएन) ने इन्फेक्शन प्रिवेंशन पर विशेष सत्र संचालित किए।अस्पताल
के सीईओ डॉ. परवेज अहमद ने कहा, “हमारे जवान देश की शान हैं। उन्हें सही समय पर सही मेडिकल स्किल्स देना न सिर्फ उनकी जान बचाता है, बल्कि पूरे देश की सुरक्षा को मजबूत करता है।”मेडिकल डायरेक्टर डॉ. नितीश ने बताया, “इमरजेंसी में हर सेकंड कीमती होता है। यह ट्रेनिंग जवानों को उस हर सेकंड का सही उपयोग करना सिखाती है, जिससे कई जिंदगियां बचाई जा सकती हैं। एसएसबी के जवानों ने प्रशिक्षण की भरपूर सराहना की। एक जवान ने कहा, “यह ट्रेनिंग हमें सिर्फ ज्ञान नहीं, बल्कि आत्मविश्वास देती है कि हम किसी भी आपात स्थिति में अपने साथियों की जान बचा सकते हैं। डॉ. मुनीब रहमान और पूरी टीम का प्रैक्टिकल तरीका बेहद प्रभावी रहा।



