चौखुटिया (अल्मोड़ा)। चौखुटिया ब्लॉक के कई क्षेत्र पंचायत सदस्यों ने विकास कार्यों में भेदभाव करने का आरोप लगाते हुए आक्रोश व्यक्त किया। उन्होंने पारदर्शिता की कमी का आरोप लगाते हुए खंड विकास अधिकारी के माध्यम से मुख्य विकास अधिकारी को ज्ञापन भेजा और चेतावनी दी कि एक माह के भीतर व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ तो सभी सदस्य सामूहिक इस्तीफा देंगे।
क्षेत्र पंचायत सदस्यों ने ज्ञापन में कहा कि 30 सितंबर 2025 को क्षेत्र पंचायत का गठन होने के बाद अब तक दो बैठकें हो चुकी है। इन बैठकों के बावजूद विकास कार्यों की वास्तविक स्थिति से सदस्यों को अनभिज्ञ रखा जा रहा है। आरोप लगाया कि क्षेत्र में चल रहे कार्यों की जानकारी न तो बैठकों में दी जा रही है और न ही अलग से साझा की जाती है। विकास कार्यों का चयन और क्रियान्वयन कुछ चुनिंदा क्षेत्रों तक सीमित है। सभी क्षेत्रों के साथ समान व्यवहार नहीं किया जा रहा है। वहीं सदस्यों ने सूचना पट्टों के संबंध मेें कहा है कि अधिकांश कार्यों में लगाए जाने वाले सूचना पट्टों पर न तो क्षेत्र पंचायत सदस्यों के नाम दर्ज होते हैं और न ही कार्यों की लागत, स्वीकृति वर्ष या विभागीय विवरण अंकित किया जाता है। इससे कार्यों की पारदर्शिता पर प्रश्नचिह्न लग रहा है।
इस तरह की कार्यप्रणाली से उनकी विश्वसनीयता प्रभावित हो रही है। क्षेत्र पंचायत सदस्यों ने मांग की है कि विकास कार्यों की पूरी जानकारी नियमित रूप से साझा की जाए, सभी क्षेत्रों को समान प्राथमिकता दी जाए और सूचना पट्टों पर अनिवार्य विवरण अंकित किए जाएं। वहीं सदस्यों की सहभागिता सुनिश्चित कर निर्णय प्रक्रिया को पारदर्शी बनाया जाए। ज्ञापन पर हीरा सिंह बिष्ट, कविता नेगी, उमा शंकर, भगवत सिंह रावत, रेखा देवी, पिंकी देवी, आशा देवी, नरेंद्र सिंह, हेमलता सहित अन्य सदस्यों के हस्ताक्षर हैं।
ब्लॉक प्रमुख होने के नाते सभी सदस्यों को साथ लेकर चलना मेरा नैतिक दायित्व है। सोमवार को पत्रकार वार्ता कर मैं इस संबंध में अपना पक्ष रखूंगी।
चेतना नेगी, ब्लॉक प्रमुख, चौखुटिया

